सिंगापुर: राष्ट्रीय पहचान डेटाबेस में फेशियल वेरिफिकेशन करने वाला पहला देश

सिंगापुर ने हाल ही में अपने राष्ट्रीय पहचान डेटाबेस में फेशियल वेरिफिकेशन को शामिल किया है। और इस प्रकार, यह अपने राष्ट्रीय डेटाबेस में इस प्रौद्योगिकी को शामिल करने वाला पहला देश बन गया है।

मुख्य बिंदु

इस प्रणाली को  “SingPass Face Verification” कहा जाता है। इसके द्वारा कई सरकारी सेवाओं को ऑनलाइन एक्सेस किया जा सकता है। यह प्रणाली सार्वजनिक आवास अनुप्रयोगों और कर घोषणाओं सहित 400 ऑनलाइन सेवाएं प्रदान करती है। यह फेशियल रिकग्निशन टैबलेट, कंप्यूटर, सार्वजनिक कियोस्क और सेल फोन के लिए अनुकूल है।

सिंगापुर

इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड डेवलपमेंट वर्ल्ड कॉम्पिटिटिवनेस सेंटर द्वारा तैयार किये गये विश्व प्रतिस्पर्धी सूचकांक, 2020 में सिंगापुर प्रथम स्थान पर रहा।  मुख्य रूप से अपने मजबूत व्यापार और निवेश, आर्थिक प्रदर्शन, श्रम बाजार के उपायों और रोजगार के कारण सिंगापूर को यह प्रथम स्थान मिला। विश्व आर्थिक मंच ने सिंगापुर को सबसे अधिक प्रतिस्पर्धी माना है क्योंकि 141 देशों में सिंगापुर तीसरा सबसे बड़ा जीडीपी वाला देश है।  वैश्विक प्रतिस्पर्धा सूचकांक विश्व आर्थिक मंच के द्वारा तैयार किया जाता है।

सिंगापुर ग्यारहवां सबसे बड़ा विदेशी भंडार वाला देश है।

विश्व प्रतिस्पर्धा सूचकांक

भारत विश्व प्रतिस्पर्धा सूचकांक 2020 में 43वें स्थान पर है।

वैश्विक प्रतिस्पर्धा सूचकांक

वैश्विक प्रतिस्पर्धा सूचकांक में भारत 68वें स्थान पर है। दूसरे स्थान पर अमेरिका के बाद हांगकांग, नीदरलैंड और स्विट्जरलैंड का स्थान है। इस सूचकांक के 12 स्तंभ आधारभूत संरचनाएं, संस्थान, आईसीटी अपनाने, स्वास्थ्य, समष्टि आर्थिक स्थिरता, कौशल, स्वास्थ्य, श्रम बाजार, उत्पाद बाजार, वित्तीय प्रणाली, व्यवसाय की गतिशीलता और नवाचार क्षमता हैं।

भारत में बायोमेट्रिक

भारत नाविकों के फेशियल बायोमेट्रिक डेटा को प्रस्तुत करके Biometric Seafarer Identity Document पेश करने वाला पहला देश बन गया है। इसे शिपिंग मंत्रालय द्वारा लॉन्च किया गया था।

हालाँकि, भारत में अभी भी पहचान के रूप में बॉयोमैट्रिक्स के उपयोग का विरोध है। यह मुख्य रूप से बायोमेट्रिक्स पर पर्याप्त कानून की कमी के कारण है।


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