कोशिका झिल्ली

कोशिका झिल्ली एक प्रकार की चयनात्मक अर्ध पारगम्य सजीव झिल्ली है जो प्रत्येक जीवीत कोशिका के जीव द्रव्य (प्रोटोप्लाज्म) को घेर कर रखती है। कोशिका झिल्ली का निर्माण तीन परतों से होता है, इसमें से बाहरी एवं भीतरी परतें प्रोटीन द्वारा तथा मध्य वाली परत का निर्माण फोस्फॉलिपिड द्वारा होता है। कोशिका झिल्ली कोशिका के आकार को बनाए रखती है एवं जीव द्रव्य की सुरक्षा करती है। अंतःकोशिकीय विसरण एवं परासरण की क्रिया का नियंत्रण करने के साथ-साथ यह अनेक रचनाओं के निर्माण में भी मदद करती है।

कोशिका झिल्ली के कार्य –

कोशिकाझिल्ली विभिन्न पदार्थों के कोशिका के अन्दर से बाहर और बाहर से अन्दर आने जाने पर नियंत्रण रखती है। इसलिए कोशिका झिल्ली को चयनात्मक अर्ध पारगम्य झिल्ली (Selective Permeable Membrane) कहा जाता हैं।
इसके कार्य निम्नलिखित हैं –

1. एंडोसाइटोसिस (Endocytosis)

कोशिकाझिल्ली के सहारे कोशिका द्वारा पदार्थों का अंतर्ग्रहण (Ingestion) एंडोसाइटोसिस कहलाता है। इसके 2 प्रकार होते है-

पिनोसाइटोसिस (Pinocytosis):- तरल पदार्थ के अंतर्ग्रहण को पिनोसाइटोसिस कहते हैं।

फेगोसाइटोसिस (Phagocytosis):- ठोस पदार्थ के अंतर्ग्रहण को फेगोसाइटोसिस कहते हैं।

2. परासरण (Osmosis)

उच्च जलीय सांद्रता (Concentration) वाले भाग से निम्न जलीय सांद्रता वाले भाग की ओर जल का आंशिक रूप से अर्ध पारगम्य (Semi-Permeable) झिल्ली के सहारे प्रवाह परासरण कहलाता है।

3. विसरण (Diffusion)

अधिक सघन (Condense) पदार्थ से कम सघन पदार्थ की ओर प्रवाह विसरण कहलाता है। यह प्रवाह तब तक चलता रहता है जब तक दोनों पदार्थों की सघनता समान न हो जाये। विसरण की दर गैसीय पदार्थों में द्रव व तरल पदार्थों की तुलना में ज्यादा होती है |

4. एक्सोसाइटोसिस (Exocytosis)

इस प्रक्रिया में पुटिका (Vesicle) झिल्ली कोशिका झिल्ली से संलयित होकर अपने पदार्थों को कोशिका के बाहर आस-पास के माध्यम में निकाल देती है। इसे कोशिका वमन (Cell Vomiting) कहा जाता हैं। इस प्रक्रिया के द्वारा कोशिका अपशिष्ट पदार्थों को कोशिका के बाहर निकाल देती है।

कोशिका झिल्ली की झिल्ली लिपिड की सममिती

कोशिका झिल्ली में कई फॉस्फोलिपिड पाए जाते हैं। जिसकी सममिती निम्न प्रकार की होती है-

फॉस्फेटिडाइलसेरिन (PS)

यह फिजियोलॉजिक पीएच पर शुद्ध नकारात्मक चार्ज, लगभग प्लाज्मा झिल्ली की आंतरिक सतह पर मौजूद, यह साइटोप्लाज्मिक(cytoplasmic), लिम्फोसाइटों की बाहरी सतह पर पीएस की उपस्थिति मैक्रोफेज द्वारा विनाश के लिए कोशिका को चिह्नित करता है। प्लेटलेट की बाहरी सतह पर इसकी मौजूदगी रक्त जमा होने का संकेत होती है।

फॉस्फेटिडाइल कोलिन (PC)

यह दोनों सतहो पर उपस्थित, फिजियोलॉजिक पीएच पर उदासीन, विशेषतया बाहरी सतह पर उपस्थित, एक्सोप्लाज्मिक (Exoplasmic)।

फॉस्फेटिडाइल इथेनोलेमाइन (PE)

फिजियोलॉजिक पीएच पर , दोनों सतह पर मौजूद, लेकिन सतह पर अधिक। झिल्ली उभार और संलयन में उपयोगी।

फॉस्फेटिडिलिनोसिटोल (PI) –

फिजियोलॉजिक पीएच पर शुद्ध नकारात्मक चार्ज लगभग साइटोप्लाज्मिक (Cytoplasmic)

स्पिंगोमाइलीन (sphingomyelin) (SM)-

ज्यादातर बाहरी सतह पर उपस्थित है, एक्सोप्लाज्मिक।

कोलेस्ट्रॉल (CL)-

बाहरी या आंतरिक सतह पर समान।